हमसफ़र न बनाओ न सही
दो कदम तो साथ चलने दो
रुत बदल जाएगी
समां बदल जाएगा
शायद कभी तुम्हारा
मन भी बदल जाएगा
मैं साथ हूँ साथ ही रहूँगा
उम्मीद का दीपक जलने दो
हमसफ़र न बनाओ न सही
दो कदम तो साथ चलने दो
मैं चुप रहूँगा
कुछ भी न कहूँगा
मेरी धड़कन सुनो
अपनी खामोशी सुनने दो
मुझे अपने साथ-साथ बहने दो
दो कदम तो साथ चलने दो
दो कदम तो साथ चलने दो
रुत बदल जाएगी
समां बदल जाएगा
शायद कभी तुम्हारा
मन भी बदल जाएगा
मैं साथ हूँ साथ ही रहूँगा
उम्मीद का दीपक जलने दो
हमसफ़र न बनाओ न सही
दो कदम तो साथ चलने दो
मैं चुप रहूँगा
कुछ भी न कहूँगा
मेरी धड़कन सुनो
अपनी खामोशी सुनने दो
मुझे अपने साथ-साथ बहने दो
दो कदम तो साथ चलने दो
Comments
Tum ho kahan. Jara phone karo urgent.
ise kon nahi maanega bhala..
bahut badhiya,
kunwar ji,
कुछ भी न कहूँगा
मेरी धड़कन सुनो
अपनी खामोशी सुनने दो
waaah...